मुजफ्फरपुर। गर्मी के बढ़ने के साथ ही लोगों के बिजली बिल में अचानक बढ़ोतरी हो गई है। वे समझ ही नहीं पा रहे है कि आखिरकार यह बिजली अचानक दुगना कैसे हो गया।
दरअसल अधिकांश लोग डोमेस्टिक यानि घरेलू बिजली कनेक्शन लेने के समय खपत एक किलोवाट दर्शाते है, गर्मी बढ़ने पर एक कमरे में दो-दो पंखे या पंखे के साथ एसी कूलर चला रहे है।
बिजली खपत बढ़ने पर विभाग बिजली बिल में अधिक लोड यूज करने का जुर्माना चार्ज कर रहा है, जिससे लोगों का मासिक बिजली बिल बढ़कर आ रहा है। यह समस्या गर्मी के समय में अधिक है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों के उपभोक्ता भी इसका खामियाजा भुगतते है।

जुर्माने की राशि लोड के निर्धारित शुल्क और आपके बिजली बिल की यूनिट पर तय होता है। ग्रामीण उपभोक्ता की मानें तो उनका एक किलोवाट लोड था, लेकिन उनका जब बिल आया तो उसमें 3.8 किलोवाट का लोड लिखा था और जुर्माना लगा था।
उन्हें बताया गया कि पहले वह अपना लोड कम से कम 3 किलोवाट करा लें इससे उनके बिल कम आएगा। उदाहरण के तौर पर आपका 1 किलो वाट का कनेक्शन है और आपका अधिकतम लोड 2.8 किलो वाट गया तो आपके बिल में 40 रुपए प्रति किलो वाट जुर्माना लगता है। शहरी वन डिवीजन के कार्यपालक अभियंता के अनुसार जुर्माने की राशि कम गई है इसे सिस्टम और टो कैलकुलेट करता है जो उपभोक्ता के माह के अधिकतम खपत पर निर्भर करता है। उपभोक्ता समय के अनुसार इलेक्ट्रॉनिक उपकरण तो बढ़ा रहे हैं लेकिन लोड नहीं बढ़ाते हैं।

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